उत्तर प्रदेश नियुक्ति में धांधली

प्रयागराज, उत्तर प्रदेश मे नियुक्ति में धांधली के गंभीर आरोप सामने आयें हैं। प्रोफेसर राजेंद्र सिंह उर्फ रज्जू भैया राज्य विश्व विद्यालय में हिंदी और संस्कृत विषय में प्रोफेसर पद पर हुई नियुक्ति में अनियमितता का आरोप लगाते हुए समाजवादी पार्टी ने नियुक्ति को रद्द करने की मांग करते हुए उच्च शिक्षा निदेशक डॉ वन्दना शर्मा को एक ज्ञापन सौंपा।

सपा नेता स्नातक एम एल सी प्रत्याशी डॉ0 मान सिंह यादव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को उच्च शिक्षा निदेशक डॉ वन्दना शर्मा से मिलकर नियुक्ति प्रक्रिया में की गई अनियमितता की जानकारी देते हुए एक ज्ञापन सौंप कर नियुक्ति रद्द करने की मांग की है।

डॉ0 मान सिंह ने आरोप लगाया है कि नियुक्ति में एकेडमिक परफॉर्मेंस इंडेक्स (ए. पी. आई.) 88 अंक पाने वाले उम्मीदवार को साक्षात्कार में नहीं बुलाया गया है जबकि 83 अंक पाने वाले को बुलाया गया है। ओ. बी. सी. मे साक्षात्कार देने वाले डॉ सियाराम, डॉ रामप्रताप सिंह, डॉ विमलेश यादव आदि उम्मीदवारों को पर्याप्त योग्यता एवं अनुभव होने के बावजूद भी’ नाट फाउंड सुटेबल ‘’ का बहाना बनाकर सीटों को रिक्त कर दिया गया है।

उन्होंने कहा कि इसके अलावा एक अन्य मामले में एक ही पद पर उम्मीदवार डॉ राज कुमार गुप्ता का चयन असिस्टेंट प्रोफेसर इतिहास अनुसूचित श्रेणी और ओ बी सी कोटे से प्रोफेसर पद दोनों के लिए किया गया है। उन्होंने बताया कि जब डॉ गुप्‍ता द्वारा प्रोफेसर पद ग्रहण कर लिया जाएगा तो असिस्टेंट प्रोफेसर का पद रिक्त हो जाएगा और इस पर मनमानी भर्ती की जाएगी l इसी तरह क्रीमी लेयर को माता पिता की आय से नहीं बल्कि उम्मीदवार की आय पर तय किया गया है जो आरक्षण के नियम के विरुद्ध है।

कम्प्यूटर आपरेटर पुलिस भर्ती में जानकारी मांगी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 666 कम्प्यूटर आपरेटर पुलिस भर्ती 2017 में लिखित परीक्षा व कम्प्यूटर टेस्ट में सफल घोषित अभ्यर्थियों की नियुक्ति की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर राज्य सरकार से जानकारी मांगी है। यह आदेश न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र ने आशीष कुमार व अन्य की याचिका पर अधिवक्ता मुजीब अहमद सिद्दीकी को सुनकर दिया है। एडवोकेट एमए सिद्दीकी का कहना है कि एससी व ओबीसी श्रेणी के याचियों को अंतिम परिणाम में चयनित नहीं किया गया, जबकि वे प्रत्येक टेस्ट में सफल घोषित किए गए हैं। याचियों के कोटे की सीटें खाली हैं इसलिए याचियों को मौका दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कोर्ट ने ऐसी ही याचिका पर राज्य सरकार से जवाब मांगा है लेकिन अभी तक कोई जवाब दाखिल नहीं किया गया है।

डॉ0 मान सिंह यादव ने कहा है कि उच्च पदों पर बैठे जिम्मेदार पदाधिकारी यदि संविधान को ताक पर रखकरकाम करेंगे तब एस सी, एस टी, ओ बी सी के अधिकारों के साथ विवश हो अनशन पर बैठेंगे।

ज्ञापन देने वालों में डॉ मान सिंह यादव, डॉ एस पी सिंह पटेल, जिला प्रवक्ता दान बहादुर मधुर, हृदय लाल मौर्य एडवोकेट, मोहम्मद अस्करी, विमलेश केसरवानी, नवीन यादव, राकेश यादव, बिट्टू भारतीय, राकेश चौधरी, पवन पटेल आदि मौजूद रहे।

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुलिस कांस्टेबल भर्ती 2018 में कट ऑफ मार्क्स से कम अंक वालों के चयन व आरक्षण नियमों का उल्लंघन करने के आरोप को लेकर दाखिल याचिका पर राज्य सरकार से जवाब मांगा है। यह आदेश न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता ने राज प्रकाश व अन्य की याचिका पर अधिवक्ता संजय मौर्य को सुनकर दिया है।

याचिका में कहा गया है कि 49568 पदों की पुलिस कांस्टेबल भर्ती 2018 में ऐसे अभ्यर्थियों की नियुक्ति कर दी गई है जिन्होंने शारीरिक दक्षता परीक्षा में कट ऑफ मार्क्स से कम अंक प्राप्त किए हैं। यह भी कहा गया है भविष्य में सेना से सेवानिवृत्त होने वाले लोगों को कोटे का लाभ दिया गया है। याचिका में चयन में धांधली का आरोप लगाया गया है।