कुष्ठ रोग से दिव्यांग हुए व्यक्तियों के भरण-पोषण हेतु कुष्ठावस्था पेंशन योजना

कुष्ठ रोग से दिव्यांग हुए व्यक्तियों के भरण-पोषण हेतु प्रदेश सरकार द्वारा कुष्ठावस्था पेंशन योजना संचालित, 2500 रू0 प्रतिमाह की दर से प्रदेश के 11,207 कुष्ठ रोगियों को पेंशन वितरित।

लखनऊ, दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग मे कुष्ठ रोग से ग्रस्त दिव्यांगजन व्यक्तियों के भरण-पोषण के लिए प्रदेश सरकार द्वारा कुष्ठावस्था पेंशन योजना संचालित की गयी है। इस योजना के तहत कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांग हुए दिव्यांगजन को 2500 रुपये प्रति माह प्रति लाभार्थी की दर से अनुदान दिया जा रहा है। विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार  वित्तीय वर्ष 2020-21 में प्राविधानित धनराशि 30 करोड़ रूपये के सापेक्ष पेंशन की प्रथम त्रैमास किश्त से कुल 8.41 करोड़ रुपये व्यय कर कुल 11,207 दिव्यांगजनोे के खातों में धनराशि भेजते हुए को लाभान्वित किया गया है।  वित्तीय वर्ष 2019-20 में 10,723 दिव्यांगजन को लाभान्वित किया गया, जिसमें 2,316 नवीन हैं।

कुष्ठावस्था पेंशन योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे कुष्ठ रोग ग्रस्त व्यक्तियों के भरण-पोषण के लिये अनुदान की सहायता देना है जिनके परिवार की आय उनके भरण-पोषण हेतु पर्याप्त न हो। कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन से तात्पर्य ऐसे सभी व्याक्ति जो उत्तर प्रदेश के मूलनिवासी हो और जिनमें कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगता उत्पन्न हुयी हो (चाहे दिव्यांगता का प्रतिशत कुछ भी हो) तथा जिसे उत्तर प्रदेश के संबंधित जनपद के मुख्य चिकित्साधिकारी से तत्संबंधी दिव्यांगता प्रमाण पत्र प्राप्त हो।

वृद्धावस्था पेंशन, निराश्रित महिला पेंशन अथवा ऐसी ही किसी अन्य योजना के अन्तर्गत पेंशन/अनुदान/सहायता पाने वाला व्यक्ति इस पेंशन/अनुदान के लिये पात्र नही होंगे। कुष्ठ रोग के कारण हुये दिव्यांगजन किसी भी आयु वर्ग के हों, पेशन/अनुदान हेतु पात्र होगें। कुष्ठ दिव्यांगजन पेंशन हेतु जन सुविधा केन्द्र/लोकवाणी/इन्टरनेट के माध्यम से आवेदन किया जा सकता है तथा ई-आवेदन की अद्यतन् स्थिति भी प्राप्त की जा सकती है। भुगतान की प्रक्रिया लाभार्थी को धनराशि का भुगतान ई-पेमेन्ट से उनके बैंक खाते में किया जायेगा।

इस योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे दिव्यांगजन एवं कुष्ठ रोग ग्रस्त व्यक्तियों के भरण-पोषण के लिये अनुदान की सहायता देना है जिनके परिवार की आय उनके भरण-पोषण हेतु पर्याप्त न हो।

कुष्ठावस्था पेंशन योजना

पात्रता व शर्ते

  • कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन से तात्पर्य ऐसे सभी व्याक्तियों से है, जिनमें कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगता उत्पन्न हुयी हो (चाहे दिव्यांगता का प्रतिशत कुछ भी हो) तथा जिसे उत्तर प्रदेश के संबंधित जनपद के मुख्य जिकित्साधिकारी से तत्संबंधी दिव्यांगता प्रमाण पत्र प्राप्त हो।
  • जो कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हों।
  • वृद्धावस्था पेंशन, निराश्रित महिला पेंशन अथवा ऐसी ही किसी अन्य योजना के अन्तर्गत पेंशन/अनुदान/सहायता पाने वाला व्यक्ति इस पेंशन/अनुदान के लिये पात्र नही होंगे।
  • आय उक्त पेंशन/अनुदान के लिये बी0पी0एल0 आय सीमा निर्धारित होगी।
  • आयु कुष्ठ रोग के कारण हुये दिव्यांगजन किसी भी आयु वर्ग के हों, पेशन/अनुदान हेतु पात्र होगें।
  • दर इस योजना के अन्तर्गत कुष्ठ रोग के कारण दिव्यांगजन के लिये अनुदान की दर प्रति लभार्थी रू0 2500/- प्रति माह होगी। इसके लिये शासन द्वारा समय-समय पर संशोधित दर मान्य होगी।
    उपर्युक्त पात्रता की शर्तो में किसी प्रकार के विवाद होने की दशा में जिलाधिकारी का निर्णय अंतिम होगा।
  • आवेदन पत्र आवेदन पत्र दिव्यांगजन जन द्वारा जन सुविधा केन्द्र/लोकवाणी/इन्टरनेट के माध्यम से sspy-up.gov.in  पर भरा जा सकता है तथा ई-आवेदन की अद्यतन् स्थिति भी प्राप्त की जा सकती है।
  • भुगतान की प्रक्रिया लाभार्थी को धनराशि का भुगतान ई-पेमेन्ट से उनके बैंक खाते में किया जायेगा।