गन्ना किसानों के खाते में पहुंचेंगे 500 करोड़

लखनऊ, उत्तर प्रदेश के गन्ना विकास मंत्री सुरेश राणा ने  गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग, उत्तर प्रदेश द्वारा उ. प्र. सहकारी चीनी मिल्स संघ लि., लखनऊ की चीनी मिलों के सभी प्रधान प्रबन्धकों के साथ वीडियो कन्फ्रेन्सिंग एवं समीक्षा की गई। उत्तर प्रदेश की सहकारी चीनी मिलों के गन्ना किसानों के लिए सुखद खबर है। योगी सरकार ने गन्ना किसानों के बकाया मूल्य भुगतान के लिए 500 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त कर दी है। वित्तीय सहायता ऋण के रूप में मिली यह धनराशि सीधे किसानों के खाते में जाएगी। 

  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा प्रदेश की सहकारी चीनी मिलों के गन्ना मूल्य बकाये के भुगतान हेतु रू. 500.00 करोड़ की ऋण सहायता उपलब्ध कराने हेतु सुरेश राणा ने आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया गया, सभी प्रधान प्रबन्धकों को निदेशित किया गया कि तत्काल गन्ना कृषकों के खाते में इसका भुगतान कर दिया जाय। गन्ना मंत्री सुरेश राणा  ने चीनी मिलों के गन्ना मूल्य भुगतान, कर्मचारियों के बकाया वेतन तथा आगामी पेराई सत्र की तैयारी आदि विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। गन्ना मंत्री जी द्वारा कर्मचारियों के बकाया वेतन के प्रति चिन्ता व्यक्त करते हुए स्पष्ट निर्देश दिये गये कि सभी अधिकारियों/कर्मचारियों के बकाया वेतन का भुगतान आगामी एक माह में कर दिया जाय। 

    यह भी निर्देश दिये गये कि सहकारी चीनी मिलों,सेमीखेड़ा,ननौता,सम्पूर्णनगर, बेलरॉयॉ, अनूपशहर तथा रमाला के तकनीकी परिणामों की समीक्षा करने के लिए संघ स्तर पर टीम गठित कर गहनतापूर्वक निरीक्षण कर उसकी रिपोर्ट प्रेषित की जाय।
उत्तर प्रदेश की सहकारी चीनी मिलों के गन्ना किसानों के लिए सुखद खबर है। योगी सरकार ने गन्ना किसानों के बकाया मूल्य भुगतान के लिए 500 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त कर दी है। वित्तीय सहायता ऋण के रूप में मिली यह धनराशि सीधे किसानों के खाते में जाएगी। 

      सहकारी चीनी मिलों में मानव सम्पदा को तार्किक बनाये जाने तथा चीनी मिलों की आय बढ़ाने पर बल दिया गया। मंत्री ने सभी प्रधान प्रबन्धकों का यह आह्वान किया गया कि वे चीनी मिलों की आमदनी बढ़ाने, खर्चे कम करने तथा सामाजिक उत्तरदायित्वों का कुशलतापूर्वक निर्वहन करें। यह भी निर्देश दिये गये कि सभी प्रधान प्रबन्धक चीनी मिल क्षेत्र के गन्ना कृषकों तथा सम्मानित जनप्रतिनिधियों से निरन्तर संवाद स्थापित करते हुए बेहतर व्यावसायिक वातावरण सृजित करें, जिससे चीनी मिलें एक आदर्श औद्यौगिक इकाई के रूप में कृषकों की सेवा कर सकें। 

   गन्ना विकास मंत्री सुरेश राणा ने अभिनव प्रयोग के रूप में चीनी मिलों के अधिकारियों द्वारा तकनीकी विषयों पर वेबीनार आयोजित करने के निर्देश दिये गये। संघ स्तर पर भी विशेषज्ञों को आमंत्रित कर उनके अनुभवों से सहकारी चीनी मिलों के अधिकारियों को लाभान्वित करने के निर्देश दिये गये।कोरोना वायरस कोविड-19 महामारी के संदर्भ में मंत्री ने आगाह किया कि सरकारी निर्देशों का पालन प्रत्येक दशा में सुनिश्चित किया जाय तथा चीनी मिल के मरम्मत एवं रख-रखाव तथा अन्य व्यावसायिक क्रिया कलापों में सैनीटाईजेशन एवं सामाजिक दूरी को अपनाया जाय।

उत्तर प्रदेश के गन्ना विकास मंत्री सुरेश राणा ने बताया कि पेराई सत्र 2019-20 के बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराने के लिए सरकार संकल्पबद्ध है। कोरोना वायरस के संक्रमण जैसी विषम परिस्थितियों के बावजूद किसानों का बकाया भुगतान कराने और समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर कराने के लिए नियमित समीक्षा की जा रही है। इसी कड़ी में सरकार ने सहकारी क्षेत्र की 24 चीनी मिलों से संबंधित को 500 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता ऋण के तौर पर प्रदान की है, जिससे किसानों के बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान किया जा सकेगा।

सुरेश राणा ने बताया कि पेराई सत्र 2019-20 के बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराने के लिए सरकार संकल्पबद्ध है। कोरोना वायरस के संक्रमण जैसी विषम परिस्थितियों के बावजूद किसानों का बकाया भुगतान कराने और समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर कराने के लिए नियमित समीक्षा की जा रही है। इसी कड़ी में सरकार ने सहकारी क्षेत्र की 24 चीनी मिलों से संबंधित को 500 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता ऋण के तौर पर प्रदान की है, जिससे किसानों के बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान किया जा सकेगा।