यूरिया कालाबाजारी को सरकार का संरक्षणः लल्लू

यूरिया की कालाबाजारी के खिलाफ आज कांग्रेस का प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन। प्रदेश में यूरिया की कालाबाजारी को मिल रहा है सरकारी संरक्षण। किसान विरोधी है योगी सरकार। जिला एवं शहर कांग्रेस कमेटियों द्वारा प्रदेश के प्रत्येक जिले में धरना-प्रदर्शन कर सौंपा गया ज्ञापन।

लखनऊ,प्रदेश में चल रही यूरिया की कालाबाजारी और किल्लत के खिलाफ आज उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के निर्देश पर प्रदेश के सभी जनपदों में जिला एवं शहर इकाइयों द्वारा  प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन किया गया और प्रदेश में व्याप्त यूरिया संकट के लिए प्रदेश की योगी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए जिम्मेदार ठहराते हुए किसानों को यूरिया खाद की उपलब्धता सुनिश्चित किये जाने हेतु ज्ञापन सौंपा गया।

उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा है कि प्रदेश में जिस तरह से सहकारी समितियों से यूरिया खाद गायब कर दी गयी है,  उससे यह साफ होता है कि प्रदेश में यूरिया की कालाबाजारी सरकारी मिलीभगत से की जा रही है। सरकारी संरक्षण में बिचैलियों ने प्रदेश में यूरिया संकट पैदा करके किसानों को बर्बाद करने का षडयंत्र रचा है। कोरोना महामारी के इस आपदा काल में यह कालाबाजारी किसानों की कमर तोड़ने का काम कर रही है जबकि कोरोना आपदा, प्राकृतिक आपदा, बाढ़ और ओलावृष्टि से पहले ही किसान टूट चुका है। उन्होने कहा कि भाजपा सरकार सहकारी समितियों को खत्म करके किसानों को खुले बाजार के हवाले करके निजी क्षेत्र को बढ़ावा देने का काम कर रही है।

उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेसनीत यूपीए सरकार में किसानों का हित सर्वोपरि था। भाजपा सरकार का किसान विरोधी चेहरा अब खुलकर सामने आ गया है। किसानों के हितों के लिए कांग्रेस पार्टी सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करने के लिए प्रतिबद्ध है।

आज यूरिया खाद को लेकर कांग्रेस के प्रदेशव्यापी धरना-प्रदर्शन में प्रदेश के सभी 75 जनपदों मंे आन्दोलन किया गया। राजधानी लखनऊ में जिलाध्यक्ष श्री वेद प्रकाश त्रिपाठी एवं शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री मुकेश सिंह चैहान के नेतृत्व में लखनऊ प्रभारी प्रदेश सचिव श्री रमेश कुमार शुक्ल एवं वरिष्ठ नेताओं सहित सैंकड़ों कांग्रेसजनों ने कलेक्ट्रेट पर धरना-प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा। इसी प्रकार जनपद बस्ती, गोरखपुर, फैजाबाद, सुलतानपुर, फिरोजाबाद, शाहजहांपुर, उन्नाव, हरदोई, लखीमपुर, सीतापुर, बाराबंकी, गाजियाबाद, कानपुर, झांसी, मेरठ, मुरादाबाद, रामपुर, देवरिया, कुशीनगर, महराजगंज, अम्बेडकरनगर, मथुरा, बांदा, हमीरपुर, बरेली सहित प्रदेश के सभी जनपदों में धरना-प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा गया।