गोरखपुर यूनिवर्सिटी जायेगे एकेटीयू के अधिकारी

मंत्री आशीष पटेल ने एकेटीयू को नैक ग्रेडेशन में अच्छा प्रदर्शन करने के सम्बन्ध में की बैठक।नैक ग्रेडेशन से सम्बंधित सभी क्राइटेरिया को विश्वविद्यालय स्तर पर पूरा करने की तिथि निर्धारित।नैक ग्रेडेशन में अच्छा प्रदर्शन करने वाली गोरखपुर यूनिवर्सिटी जायेगे एकेटीयू के अधिकारी।एकेटीयू अगर नैक ग्रेडेशन में ए या ए प्लस लाता है तो ये होगी बहुत बड़ी उपलब्धि।

लखनऊ। प्रदेश के प्राविधिक शिक्षा, उपभोक्ता संरक्षण एवं बांट माप मंत्री आशीष पटेल ने आज अपने विधान सभा स्थित कार्यालय कक्ष में नैक ग्रेडेशन से संबंधित तैयारियों के संबंध में बैठक की। उन्होंने डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय को नैक ग्रेडेशन में अच्छा ग्रेड प्राप्त करने के लिए एकेटीयू के कुलपति प्रो. प्रदीप कुमार मिश्र तथा संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध तैयारियां पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होनें कहा कि जो भी कमियां रह गई है उन्हे तकाल दूर किया जाए। प्राविधिक शिक्षा मंत्री ने नैक ग्रेडेशन से सम्बंधित सभी क्राइटेरिया की तिथि निर्धारित की। उन्होंने क्राइटेरिया वाइस समीक्षा कर एकेटीयू के कुलपति से जानकारी ली।

उन्होने कहा कि निर्धारित तिथि में सभी 07 क्राइटेरिया पूरा कर लिया जाए। मंत्री जी ने नैक ग्रेडेशन में अच्छा प्रदर्शन करने वाली गोरखपुर यूनिवर्सिटी जाने हेतु एकेटीयू के अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि गोरखपुर यूनिवर्सिटी जाए और वहां उन्होंने कैसे तैयारी की, इसकी जानकारी ले और अपनी कमियों को उसका प्रयोग कर दूर करे। उन्होंने विशेष सचिव प्राविधिक शिक्षा अन्नावि दिनेशकुमार को निर्देशित किया कि गोरखपुर यूनिवर्सिटी गए एकेटीयू के अधिकारियो द्वारा क्या किया गया और किन कमियों को दूर करने की तैयारी की जा रही की समीक्षा की जाय।मंत्री आशीष पटेल ने कहा कि नैक ग्रेडेशन में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए सभी लोग मिलकर प्रयास करे।

प्रमुख सचिव सुभाष चंद्र शर्मा एकेटीयू में नैक ग्रेडेशन में अच्छा प्रदर्शन करने की तैयारियों की अपने स्तर पर भी समीक्षा करें। उन्होंने कहा कि एकेटीयू अगर नैक ग्रेडेशन में ए या ए प्लस लाता है तो ये बहुत बड़ी उपलब्धि होगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मीटिंग को सिर्फ खाना पूर्ति में न रखा जाए बल्कि मीटिंग से रिजल्ट आउटपुट निकले। उन्होंने कहा कि नैक को लेकर जो भी संभव है, उसे किया जाय। इसमें कोई लापरवाही नहीं होनी चाहिए।