योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल में भारी भ्रष्टाचार-विकास श्रीवास्तव

अनियमित्ताओं और कथित भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर प्रतिष्ठित मीडिया में आयी रिपोर्ट्स, खबरों की कटिंग का दस्तावेज तैयार कर महामहिम राज्यपाल राज्यपाल आनंदी बेन पटेल को सौंपा।भ्रष्टाचार की खबरों को मीडिया में देखनें से स्पष्ट  है, योगी सरकार में शुचिता और चारित्रिक दृढ़ता का नितांत अभाव।कांग्रेस ने अनियमितताओं, भ्रष्टाचार को लेकर मीडिया में आयी रिपोर्टस, खबरों की कटिंग का दस्तावेज तैयार किया।योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल में 100 दिन के भीतर ही शासन तंत्र द्वारा कथित रूप से भारी भ्रष्टाचार किए जाने के समाचार प्रकाशित हुए।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने योगी सरकार के दूसरे कार्यकाल के 100 दिन पूरे होने पर विगत अप्रैल 2022 से निरंतर जारी अनियमितताओं और कथित भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर प्रतिष्ठित मीडिया में आयी रिपोर्टस, खबरों की कटिंग का दस्तावेज तैयार कर महामहिम राज्यपाल आनंदी बेन पटेल को सौपा है। राज्यपाल को सौप गए पत्र के विषयवस्तु की जानकारी देते हुए प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता विकास श्रीवास्तव ने बताया कि “प्रदेश कांग्रेस जनव्यथा निस्तारण समिति“ ने सचिव संजय शर्मा के निर्देशन में वर्तमान वित्तीय वर्ष 2022 में मान्यताप्राप्त मीडिया में उपलब्ध सरकार से संबंधित अनियमितताओं और  भ्रष्टाचार के आरोपों को सूचीबद्ध किया है और कटिंग, तथ्यों के साथ पूरा दस्तावेज राज्यपाल महोदया को उपलब्ध कराया गया है। समिति ने इन सभी महत्वपूर्ण खबरों की ओर राज्यपाल महोदया का ध्यान आकृष्ट कराने के साथ ही इस दिशा में अविलंब कार्यवाही की मांग की है।


कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मीडिया में भ्रष्टाचार और जन समस्याओं के निवारण में हीला हवाली के विरूद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति का पालन करने का लगातार  दावा करते हैं। किंतु खेद का विषय है कि बड़े-बड़े बयानों के बाद भी योगी जी के दूसरे कार्यकाल की सरकार के 100 दिन के भीतर ही शासन तंत्र द्वारा कथित रूप से भारी भ्रष्टाचार किए जाने के समाचार प्रकाशित हुए हैं। उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी ने राज्यपाल को भेजे गए गए पत्र में कहा है कि कैबिनेट और राज्यमंत्री गण अपने विभाग के अपर मुख्य सचिव/ प्रमुख सचिव के द्वारा उनके निर्देशों के पालन न किए जाने से बेहद नाराज हैं। मंत्री रहे श्री दिनेश खटीक और वर्तमान मंत्री श्री नितिन अग्रवाल, श्री संजय निषाद के संबंध में प्रकाशित समाचारों से यह बात स्पष्ट है।


कांग्रेस प्रवक्ता श्री श्रीवास्तव ने बताया कि उक्त पत्र में कांग्रेस पार्टी ने स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों तथा कर्मचारियों के स्थानांतरण मामलों में सामने आयी अनियमितता और भ्रष्टाचार तथा तीन सदस्यीय कमेटी के गठन की खबरों को प्रमुखता से इंगित करते हुए राज्यपाल महोदया का ध्यान आकृष्ट कराया है। लोक निर्माण विभाग के तबादले में भी भारी भ्रष्टाचार और मंत्री के विशेष कार्याधिकारी के विरुद्ध जांच, कार्यमुक्त की कार्यवाही जैसी खबरों का हवाला भी राज्यपाल को भेजें पत्र में किया गया है। विकास श्रीवास्तव ने बताया राज्यपाल को सौंपी गए पत्र में आवास विकास में 200 करोड़ का घपला, सरकारी सरसों के तेल खरीद में भ्रष्टाचार, गाजियाबाद भूमि अधिग्रहण में अधिकारियों को निलंबित करने की सिफारिश, शिक्षा के अधिकार अधिनियम के पालन में अनियमितताएं, संविदा कर्मचारियों के भविष्य निधि में घपला, लोहिया संस्थान में दवाओं के वितरण में अनियमितता, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग में भर्ती घोटाला और कथित भ्रष्टाचार, बाजार में बिक रही आयुर्वेदिक दवाई, आशा वर्करों के भुगतान में 20 से 30 प्रतिषत तक वसूली के आरोप, स्मार्ट मीटर की खराब गुणवत्ता, प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में सड़क निर्माण में मानक दरकिनार, स्वास्थ्य विभाग के तबादलों में भारी अनियमितताएं, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि मृतकों को बांटी गई, समाज कल्याण विभाग में घपले, नोएडा में अस्थाई बिजली कनेक्शन में बड़े पैमाने पर धांधली, होम्योपैथिक संस्थानों की छात्रवृत्ति में 47.64 करोड़ का गबन समेत 3 दर्जन से ज्यादा प्रमुख व चर्चित भ्रष्टाचार की खबरों का हवाला दिया गया है।


सम्मानित मीडिया में प्रकाशित दो दर्जन से ज्यादा अन्य चर्चित मामले जैसे स्मार्ट मीटर की खराब गुणवत्ता, पाइप पेयजल योजना की जांच, पावर कॉर्पोरेशन की भविष्य निधि की 2631.20 करोड़ रुपए की डूबी रकम, पशुपालन विभाग में भ्रष्टाचार, लखनऊ विश्वविद्यालय में लाँ पेपर लीक में पूर्व कार्यवाहक कुलपति और रजिस्ट्रार का निलंबन, शिक्षा विभाग में तबादलों में गड़बड़ी, शिक्षकों के जीपीएफ के करोड़ों रुपए खाते से गायब, पशुपालन विभाग में तबादलों में गड़बड़ी, बाजार में बिक रही आयुर्वेदिक दवाएं अधोमानक/ लाखों की आयुर्वेदिक दवाएं डंप पाई गई जैसे भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोपों पर राज्य के सतर्कता विभाग, आर्थिक अपराध शाखा एवं विशेष कार्य बल द्वारा कार्यवाही में घोर उदासीनता पर कांग्रेस पार्टी ने चिंता व्यक्त की है। पत्र में कांग्रेस पार्टी ने राज्यपाल महोदया से मीडिया में प्रकाशित हो रहें ज्यादातर मामलों में सम्बंधित जांच संस्थाओं की भूमिका पर सवाल खड़ा किया है और राज्यपाल महोदय से अविलंब कार्यवाही की मांग की है।


विकास श्रीवास्तव ने बताया कि योगी सरकार के 100 दिनों में ही बड़े पैमाने पर हुए कथित भ्रष्टाचार की खबरों को मीडिया में देखते हुए स्पष्ट होता है कि योगी सरकार के नेतृत्व में शुचिता, आपसी सहकार की भावना और चारित्रिक दृढ़ता का नितांत अभाव है। कांग्रेस पार्टी ने राज्यपाल को भेजे अपने पत्र में कहा है कि सरकारी तंत्र में कथित रूप से व्याप्त भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण जनता के लिए आवंटित धनराशि को विकास के कार्यों में खर्च करने के बजाय निरंतर व्यक्तिगत लाभ की वस्तु के रूप में दोहन किया जा रहा है। तंत्र में व्याप्त कथित भ्रष्टाचार के कारण जन समस्याएं बढ़ती जा रही हैं। जिसके निवारण पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है जबकि सरकार अपनी कथित उपलब्धियों के 100 दिन पूर्ण होने पर मीडिया विज्ञापनों और समारोह आयोजन पर करोड़ों खर्च कर रही है।