कभी भी ढह सकता आशियाना में नवनिर्मित मॉल..!

एलडीए अफसरों के संरक्षण मेंधड़ल्ले से हो रहा अवैध निर्माण। मूसलाधार बारिश में ढही दीवार की तीनशेड लगाकर छिपाया। कभी भी ढह सकता आशियाना में नवनिर्मित मॉल..!

कुमार राकेश

लखनऊ। प्राधिकरण की कानपुर रोड योजना की आशियाना कॉलोनी के पावर हाउस के निकट एक विशालकाय मॉल का निर्माण कराया गया है। बीते दिनों हुई मूसलाधार बारिश ने मॉल के घटिया निर्माण की पोल खोल दी। बारिश से मॉल के रैंप के नीचे की मिट्टी बह गई। मिट्टी बह जाने ने मॉल का निचला हिस्सा खोखला हो गया। इससे एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। समय रहते इसे ठीक नहीं कराया गया तो यहां कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।

बेसमेंट निर्माण की खुदाई से ढही मॉल के रैंप की मिट्टी – नवनिर्मित मॉल के प्रोपराइटर नितिन अग्रवाल का कहना है कि मॉल के निकट हो रहे निर्माणकार्य स्थल पर भरा पानी रैंप के नीचे आ गया था। इससे मिट्टी जरूर बह गई है। मॉल का निचला हिस्सा खोखला हो जाने के सवाल पर उन्होंने बताया की पास में हो रहे निर्माण के मालिक से वो पिछले काफी समय से कह रहे थे, किंतु इस पर उन्होंने ध्यान ही भी दिया। रैंप के नीचे गड्ढा होने पर हादसा होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि फिलहाल वह गेट बंद कर दिया गया है।

राजधानी के लेवाना होटल घटना के बाद भी विकास प्राधिकरण के अधिकारी सुधरने का नाम नहीं ले रहे है। आशियाना कॉलोनी के पॉवर हाऊस चौराहे के निकट निर्माण कार्य धड़ल्ले से चल रहा है। किला चौराहे से पॉवर हाऊस आने वाले मुख्य मार्ग पर हो रहा यह निर्माण एलडीए के अफसरों को दिखाई नहीं पड़ रहा है। निर्माण का बेसमेंट बनाने के लिए निर्माण स्थल पर गड्ढा खोदा गया है। इस निर्माण के ठीक बगल में विशालकाय मॉल बना हुआ है। निर्माण स्थल पर यह सच आसानी से देखा जा सकता है कि मॉल बेसमेंट के लिए खोदी गई मिट्टी के सहारे खड़ा हुआ है।

अधिशाषी अभियंता नहीं उठाते फोन इस संबंध में जब कानपुर रोड योजना के अधिशाषी अभियंता दिवाकर त्रिपाठी के सीयूजी नंबर पर बात की गई तो पहले तो उन्होंने कहा बताइए किंतु मॉल के निर्माण की बात सुनते ही उन्होंने कहा कि वह एक साल पहले रिटायर हो चुके है। इसके बाद जब नवनीत शर्मा से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन ही नहीं उठा।

बीते शनिवार को हुई मूसलाधार बारिश से मॉल के बगल हो रहे निर्माण स्थल की एक दीवार ढह गई। बेसमेंट के लिए खोदे गए स्थल पर पानी भर गया। इस पानी से मॉल के मुख्य प्रवेश गेट के बगल वाले गेट के रैंप के नीचे की मिट्टी बह गई। इससे रैंप के नीचे विशालकाय गड्ढा हो गया। मॉल के नीचे हुए इस गड्डे से यहां पर कभी भी कोई हादसा हो सकता है। स्थानीय लोगो का कहना है कि मॉल को चालू हुए अभी एक साल भी पूरा नहीं हो पाया है। एक दिन की मूसलाधार बारिश ने निर्माण कार्य की पोल खोल दी।