गोरखपुर में 463.60 करोड़ रुपये लागत की 208 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास

मुख्यमंत्री ने जनपद गोरखपुर में 463.60 करोड़ रु0 की 208 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।298.82 करोड़ रु0 लागत की 181 परियोजनाओं का लोकार्पण तथा 164.78 करोड़ रुपये लागत की 27 परियोजनाओं का शिलान्यास।

मुख्यमंत्री ने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रतीकात्मक चेक/प्रमाण-पत्र प्रदान किया।15 दिव्यांगजन को मोटराइज्ड साइकिल प्रदान की विकास परियोजनाओं को समयबद्ध ढंग से आगे बढ़ाना केन्द्र और प्रदेश सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल।राज्य में बिना भेदभाव प्रत्येक नागरिक को विकास योजनाओं का लाभ प्राप्त हो, इस उद्देश्य से केन्द्र व राज्य सरकार कार्य कर रहीं।राज्य सरकार ने तय किया कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को होली और दीपावली पर निःशुल्क एल0पी0जी0 सिलेण्डर उपलब्ध कराये जायेंगे, इससे 01 करोड़ 67 लाख परिवार सीधे लाभान्वित होंगे।विकास का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग को, कानून के साथ खिलवाड़ करने की इजाजत किसी को नहीं, इस संकल्प के साथ प्रदेश सरकार कार्य कर रही।आजादी का अमृत महोत्सव के अन्तर्गत आगामी 11 से 17 अगस्त तक ‘हर घर तिरंगा’ कार्यक्रम आयोजित किया जाये।प्रदेश में 8.5 लाख स्ट्रीट वेण्डर प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के साथ जुड़कर योजनाओं का लाभ प्राप्त कर रहे।प्रदेशवासियों को 34 करोड़ से अधिक कोरोना वैक्सीन की डोज दी जा चुकी शासन, प्रशासन एवं जनता सभी एक साथ मिलकर कार्य करेंगे तो अगले 02 वर्षों में पूर्वी उ0प्र0 के मासूम बच्चों के लिए कभी काल बनी इंसेफ्लाइटिस की बीमारी को समूल नाश करने में सफलता प्राप्त हो जायेगी।राज्य सरकार विकास के लिए धन देती है और समयबद्ध ढंग से विकास कार्यों को पूरा कराती है, लेकिन उसके संरक्षण की जिम्मेदारी जनता की।

लखनऊ। जनपद गोरखपुर में 463.60 करोड़ रुपये लागत की 208 विकास परियोजनाओं का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इनमें 298.82 करोड़ रुपये लागत की 181 परियोजनाओं का लोकार्पण तथा 164.78 करोड़ रुपये लागत की 27 परियोजनाओं का शिलान्यास सम्मिलित है।मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं-प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, कृषि यंत्र योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना, उद्यान विभाग की योजनाओं, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन तथा स्वच्छ भारत मिशन के लाभार्थियों को प्रतीकात्मक चेक/प्रमाण-पत्र प्रदान किया। उन्होंने 15 दिव्यांगजन को मोटराइज्ड साइकिल प्रदान की तथा विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन भी किया। कार्यक्रम के दौरान एक लघु फिल्म प्रदर्शित की गयी।मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास हम सबके जीवन में परिवर्तन ला सकता है। इसलिए विकास परियोजनाओं को समयबद्ध ढंग से आगे बढ़ाना केन्द्र और प्रदेश सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। राज्य में बिना भेदभाव प्रत्येक नागरिक को विकास योजनाओं का लाभ प्राप्त हो, इस उद्देश्य से केन्द्र व राज्य सरकार कार्य कर रही हैं। विकास का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग को प्राप्त हो रहा है। कानून के साथ खिलवाड़ करने की इजाजत किसी को नहीं, इस संकल्प के साथ प्रदेश सरकार कार्य कर रही है।


विगत 05 वर्षों में ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के 45 लाख गरीबों को एक-एक आवास उपलब्ध कराने तथा रेहड़ी-पटरी व्यवसायियों को व्यवस्थित रूप से योजनाओं के साथ जोड़कर उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का सफल प्रयास किया गया है। यह कार्य पहले भी किए जा सकते थे। पहले योजनाएं बनती थीं, लेकिन जिनके लिए योजना बनती थीं, उन्हें योजना के बारे में कोई जानकारी नहीं होती थी। आज प्रदेश में 8.5 लाख स्ट्रीट वेण्डर प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के साथ जुड़कर योजनाओं का लाभ प्राप्त कर रहे हैं। 05 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा कवर आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से पात्र लोगों को मिल रहा है।मुख्यमंत्री ने कहा कि 01 करोड़ 67 लाख गरीबों को जिन्होंने कभी भी ईंधन के रूप में रसोई गैस सिलेण्डर के दर्शन नहीं किये, उन्हें निःशुल्क रसोई गैस कनेक्शन प्रदान किए गए हैं। राज्य सरकार ने तय किया है कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को होली और दीपावली के अवसर पर निःशुल्क एल0पी0जी0 सिलेण्डर उपलब्ध कराये जायेंगे। इससे 01 करोड़ 67 लाख परिवार सीधे लाभान्वित होंगे।


इस सदी की सबसे बड़ी वैश्विक महामारी कोरोना में जब अपनों ने भी मुंह मोड़ लिया था, उस समय प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में प्रदेश सरकार ने पूरी ईमानदारी के साथ लोगों के जीवन और जीविका को बचाने का कार्य किया। अब तक प्रदेशवासियों को 34 करोड़ से अधिक कोरोना वैक्सीन की डोज दी जा चुकी हैं। फ्री में वैक्सीन देने के साथ फ्री में राशन की सुविधा भी महीने में दो-दो बार दी गयी है, ताकि कोई भी गरीब भूखा न सोए। राज्य सरकार के प्रयासों से मस्तिष्क ज्वर से होने वाली मौतों में 95 फीसदी की कमी आयी है। शासन, प्रशासन एवं जनता सभी एक साथ मिलकर कार्य करेंगे तो अगले 02 वर्षों में पूर्वी उत्तर प्रदेश के मासूम बच्चों के लिए कभी काल बनी इंसेफ्लाइटिस की बीमारी को समूल नाश करने में सफलता प्राप्त हो जायेगी। इंसेफ्लाइटिस पर नियंत्रण इस बात को प्रमाणित करता है कि लोक स्वास्थ्य केवल स्वास्थ्य विभाग का कार्य नहीं अपितु आम जनमानस की दिनचर्या, उनकी जीवनशैली, स्वच्छता, शुद्ध पेयजल पर भी निर्भर करता है।लोक स्वास्थ्य के कार्यक्रमों को हम तभी सफलतापूर्वक आगे बढ़ा पाएंगे जब हर व्यक्ति अनुशासित जीवन जीते हुए अपने जीवन में स्वच्छता को अपनाएगा। शासन के बताये हुए दिशा-निर्देशों का समय-समय पर पालन करता हुआ दिखाई देगा। आज इंसेफ्लाइटिस पर नियंत्रण उसका बेहतरीन उदाहरण है। इंसेफ्लाइटिस के लिये हम लोगों को लापरवाह नहीं होना चाहिए। इसके प्रति आवश्यक सतर्कता और सावधानी को ध्यान में रखते हुए स्वच्छता तथा शुद्ध पेयजल के प्रति निरन्तर सतर्क रहते हुए जहां कहीं भी गंदगी हो, उसको हटाने के लिए हम सबको सामूहिक रूप से प्रयास करने होंगे।  


मुख्यमंत्री जी ने कहा कि जनपद गोरखपुर निरन्तर विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। यहां खाद कारखाना तथा एम्स क्रियाशील हो गए हैं। एम्स में बेहतरीन उपचार की व्यवस्था है। राज्य सरकार विकास के लिए धन देती है और समयबद्ध ढंग से विकास कार्यों को पूरा कराती है लेकिन उसके संरक्षण की जिम्मेदारी जनता की है। उन्होंने जनपदवासियों से अपील की कि वे एक-एक पौधा अवश्य लगायों तथा उसकी सुरक्षा भी करें।आजादी का अमृत महोत्सव के अन्तर्गत आगामी 11 से 17 अगस्त तक ‘हर घर तिरंगा’ कार्यक्रम आयोजित किया जाये। अब उत्तर प्रदेश एक नये उत्तर प्रदेश के रूप में दिख रहा है। प्रदेश में विगत 05 वर्षों में कानून व्यवस्था सुदृढ़ हुई है। हम सभी को कानून एवं संविधान का सम्मान करना होगा और संविधान के अनुरूप आचरण कर देश को आगे बढ़ाना होगा। उन्होंने कहा कि सड़कों पर कोई भी धार्मिक कार्यक्रम आयोजित न हो तथा अनुशासित जीवन को अपनाया जाये।