आत्मनिर्भर भारत की अवधारणा को अंगीकृत करता मुरादाबाद

मुख्यमंत्री ने ठाकुरद्वारा, मुरादाबाद में 69.58 करोड़ रु0की 30 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए । मुख्यमंत्री ने मुरादाबाद जिला अस्पताल में02 आक्सीजन प्लाण्ट का लोकार्पण किया।राज्य सरकार प्रदेश की जनता की खुशहाली के लिए साफ नीयत सही विकास के संकल्प को साकार कर रही,राज्य सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ के साथ-साथ आत्मनिर्भर भारत की अवधारणा को अंगीकृत करते हुए उ0प्र0 को स्वच्छ, स्वस्थ, समर्थ तथा सर्वोत्तम प्रदेश बनाने के लिए कटिबद्ध।प्रदेश सरकार ने ओ0डी0ओ0पी0 योजना के तहत मुरादाबाद के विश्वविख्यात पीतल उद्योग को नई दिशा व दशा प्रदान की,मुरादाबाद निर्यात हब के रूप में विशिष्ट पहचान बनाने में सफल हुआ,यहां से 6 हजार करोड़ रु0 से अधिक का निर्यात विदेशों को किया जाता राज्य सरकार द्वारा 42 लाख लोगों को प्रदेश में आवास उपलब्ध कराये गये।प्रदेश सरकार ने साढ़े चार लाख सरकारी नौकरियां राज्य के युवाओं को देकर कीर्तिमान स्थापित किया। उ0प्र0 में कोरोना का प्रभावी नियंत्रण एवं प्रबन्धन किया गया।महिला पुलिस को मिशन शक्ति से जोड़कर सभी थानोंव तहसीलों में महिला शिकायत बूथ स्थापित किए गए । लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में तकनीक का व्यापक प्रयोग किया जा रहा है । 80 हजार राशन दुकानों को पी0ओ0एस0 से जोड़ा,तकनीक के प्रयोग से गरीब को राशन मिलने के साथ ही 1200 करोड़ रु0 की सालाना बचत हो रही । एम0एस0पी0 के तहत किसानों से उनकी उपज की खरीदमें ई-पॉप सिस्टम के उपयोग से भ्रष्टाचार पर रोक लगी।

मुरादाबादप्रदेश सरकार सबका साथ,सबका विकास,सबका विश्वास के साथ आत्मनिर्भर भारत बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। सरकार उत्तर प्रदेश को स्वच्छ,स्वस्थ,समर्थ तथा सर्वोत्तम प्रदेश बनाने के लिए कटिबद्ध है। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सबके विकास के लिए कार्य करने वाली सरकार ही अच्छी होती है। विगत साढे़ चार वर्ष में प्रदेश की तस्वीर बदली है। गांव व शहर सभी जगह बिजली की समान रूप से आपूर्ति की जा रही है।सभी योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव के समान रूप से जनता को मिल रहा है। प्रदेश की कानून व्यवस्था सुदृढ़ हुई है। महिलाओं की सुरक्षा के लिए सरकार ने एण्टी रोमियो स्क्वायड के साथ ही बेटियों की सुरक्षा हेतु तीस हजार महिला सिपाही की भर्ती की है। बेटियों की सुरक्षा हेतु हेल्पलाइन सेवा को भी संचालित किया गया है। मिशन शक्ति के अन्तर्गत महिलाओं को सुरक्षा, सम्मान व स्वावलंबन का कार्य किया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा बयालीस लाख लोगों को प्रदेश में आवास उपलब्ध कराये गये हैं, बुजुर्गों एवं निराश्रित महिलाओं को सरकार पेंशन का लाभ दे रही है। इन सभी आधारों पर ही विकास उत्सव का आयोजन किया जा रहा है।

मुरादाबाद जनपद भ्रमण के दौरान ठाकुरद्वारा में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 69.58 करोड़ रुपये की 30 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया, जिनमें 60.70 करोड़ रुपये की 23 पेयजल परियोजनाओं का शिलान्यास एवं 8.88 करोड़ रुपये लागत की 07 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण सम्मिलित हैं। इस अवसर पर उन्होंने मुरादाबाद जिला अस्पताल में स्थापित 02 आक्सीजन प्लाण्टों का भी लोकार्पण किया।ठाकुरद्वारा में आयोजित कार्यक्रम में जनपद मुरादाबाद में शासन की विभिन्न विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए।ठाकुरद्वारा में आयोजित विशाल जनसभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश की तस्वीर व तकदीर बदलने का काम किया है तथा प्रदेश निरन्तर विकास के नये क्षितिज की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने ‘एक जनपद एक उत्पाद’ (ओ0डी0ओ0पी0) योजनान्र्तगत मुरादाबाद के विश्वविख्यात पीतल उद्योग को नई दिशा व दशा प्रदान की है, जिसके फलस्वरूप मुरादाबाद एक निर्यात हब के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान बनाने में सफल हुआ है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ के साथ-साथ आत्मनिर्भर भारत की अवधारणा को अंगीकृत करते हुए उत्तर प्रदेश को स्वच्छ, स्वस्थ, समर्थ तथा सर्वोत्तम प्रदेश बनाने के लिए कटिबद्ध है।


राज्य सरकार समाज के सभी वर्गों विशेष रूप से किसानों, गरीबों, वंचितों, शोषितों एवं उपेक्षित वर्ग के साथ-साथ प्रदेश की जनता की खुशहाली के लिए साफ नीयत सही विकास के संकल्प को साकार कर रही है। देश के सर्वाधिक विशाल आबादी वाले प्रदेश होने के बावजूद भी वैश्विक कोरोना महामारी पर नियंत्रण पाने में प्रदेश सरकार सफल रही है। कोविड नियंत्रण हेतु 3 टी माॅडल की सराहना पूरे देश के साथ ही विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी की है। राज्य सरकार जीवन के साथ जीविका बचाने में भी सफल रही। कोरोना नियंत्रण को राज्य सरकार के श्रेष्ठतम प्रयासों की सर्वत्र सराहना की जा रही है।राज्य सरकार के ऐतिहासिक निर्णयों एवं विकासपरक तथा जनकल्याण के लिए उठाये गये कदमों से स्पष्ट है कि वर्तमान सरकार प्रदेश के आमजन के विकास, उसकी सुरक्षा और कानून व्यवस्था के सम्बन्ध में अत्यन्त संवेदनशील है। वर्तमान सरकार मौजूदा चुनौतियों को अवसर में बदल कर प्रदेश का तेजी से विकास कर रही है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि आज मुरादाबाद जिला चिकित्सालय में 2 आक्सीजन प्लान्ट का शुभारम्भ हुआ है। कोरोना काल में सबसे बडी चुनौती आक्सीजन की थी।  देश के प्रधानमंत्री जी ने आक्सीजन की महत्ता को देखते हुए जनपदों को आॅक्सीजन में आत्मनिर्भर बनाने का काम किया है। उन्होंने बताया कि सरकार विकास की योजनाओं को आपके पास लेकर आयी है और हर क्षेत्र निरन्तर विकास की ओर अग्रसर है, निःसंदेह इसका लाभ क्षेत्र की जनता को होगा।अच्छी सरकार सबके विकास के लिए काम करती है। पिछले साढे़ चार साल के अन्दर प्रदेश की तस्वीर बदली है। गांव हो या शहर सभी जगह बिजली की समान रूप से आपूर्ति की जा रही है। सभी योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव के समान रूप से जनता को मिल रहा है। प्रदेश की कानून/व्यवस्था सुदृढ़ हुई है। महिलाओं की सुरक्षा के लिए सरकार ने एण्टी रोमियो स्क्वायड के साथ ही बेटियों की सुरक्षा हेतु 30 हजार महिला सिपाही की भर्ती की है। साथ ही, बेटियों की सुरक्षा हेतु हेल्पलाइन सेवा को भी संचालित किया गया है। मिशन शक्ति के अन्तर्गत महिलाओं को सुरक्षा, सम्मान व स्वावलंबन का कार्य किया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा 42 लाख लोगों को प्रदेश में आवास उपलब्ध कराये गये हैं, बुजुर्गों एवं निराश्रित महिलाओं को सरकार पेंशन का लाभ दे रही है।

मुरादाबाद पीतल हस्तशिल्प के निर्यात के लिए प्रसिद्ध है।रामगंगा नदी के तट पर स्थित मुरादाबाद पीतल पर की गई हस्तशिल्प के लिए पूरे विश्व में प्रसिद्ध है। इसका निर्यात केवल भारत में ही नहीं अपितु अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, जर्मनी और मध्य पूर्व एशिया आदि देशों में भी किया जाता है।गजरौला तिगरी और अमरोहा आदि यहाँ के प्रमुख पयर्टन स्थलों में से हैं। गंगा और रामगंगा यहाँ की दो प्रमुख नदियाँ हैं। मुरादाबाद विशेष रूप से प्राचीन समय की हस्तकला, पीतल के उत्पादों पर की रचनात्मकता और हॉर्न हैंडीक्राफ्ट के लिए सबसे अधिक प्रसिद्ध है। मुरादाबाद में खरीदारी किए बिना आपका सफर अधूरा ही रहेगा। मुरादाबाद स्थित मुख्य बाजार पीतल मंडी है। इस जगह पर कई सौ छोटी और बड़ी दुकानें है जहां तांबा और कांसा की ब्रिकी की जाती है। इन छोटी-छोटी दुकानों से जहां आप तांबा और कांसे से बनी खूबसूरत वस्तुओं की खरीदारी कर सकते हैं वहीं दूसरी ओर बड़ी दुकानों से बेशकिमती और आकर्षक वस्तुओं खरीद सकते हैं। यहां आपको तांबे के आइटम सभी साइज और शेप में मिल जाएंगे। उन पर की खूबसूरत नक्काशी का काम देखा जा सकता है। इसके अतिरिक्त यहां जिस चीज की बिक्री सबसे अधिक होती है वह इत्रदान और गुलाबपाश है। यह इत्रदान और गुलाबपाश आपको हर शेप में विशेष रूप से कांसे और तांबे के मिश्रण से बने बर्तन में आसानी से मिल जाएंगे। इसके साथ-साथ अफताब अथवा वाइन सर्वर की खरीदारी भी जरूर करें। इन पर तांबे की लाइंनिग का काम हुआ होता है और इसका भार भी अधिक होता है।


प्रदेश में आज सरकारी भर्तियां पूरी पारदर्शिता के साथ की जा रही हैं। प्रदेश सरकार ने साढ़े चार लाख सरकारी नौकरियां राज्य के युवाओं को देकर कीर्तिमान स्थापित किया है। प्रदेश के प्रत्येक जनपद में उद्योग से जुडे़ लोगों के कल्याण हेतु ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ योजना बनाई गयी है, जिसमें मुरादाबाद का पीतल उद्योग विश्वविख्यात है। यहां से 6 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात विदेशों को किया जाता है। यह निर्यात का हब है। एक जनपद एक उत्पाद योजना के अन्र्तगत मुरादाबाद के पीतल व्यवसाय को शामिल कर पीतल उद्योग को ऊंचाई पर ले जाने का कार्य किया गया है।मुरादाबाद में कोविड-19 वैक्सीनेशन के अन्तर्गत 14 लाख लोगों का टीकाकरण किया गया है। कोरोना जैसी महामारी से लोगों को बचाने में सफलता प्राप्त की है। प्रदेश के 86 लाख किसानों का वर्ष 2017 में कर्ज माफ किया गया था तथा गन्ने का अवशेष बकाया भुगतान भी कराया गया है। वर्तमान पेराई सत्र शुरू होने से पहले ही किसानों को उनके गन्ना बकाया का भुगतान सुनिश्चित किया जायेगा। सरकार किसान सम्मान निधि के अन्तर्गत किसानों को लाभान्वित कर रही है। सरकार नौकरी व रोजगार की संभावनाओं  को लेकर प्रत्येक क्षेत्र में निरन्तर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का आज शिलान्यास किया जा रहा है, उन्हें गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयावधि में पूर्ण कराकर जनता को उपलब्ध कराया जाएगा।


उत्तर प्रदेश में कोरोना का प्रभावी नियंत्रण एवं प्रबन्धन किया गया है। इस कार्य में अपना सक्रिय सहयोग प्रदान करने के लिए उन्होंने जनप्रतिनिधियों, स्वास्थ्यकर्मियों, कोरोना वाॅरियर्स, मीडिया कर्मियों व शासन-प्रशासन की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि कोरोना अभी समाप्त नहीं हुआ है। कोरोना के प्रति हम सभी को सावधानी रखनी होगी। प्रदेश सरकार मजबूत कानून-व्यवस्था के साथ विकास को निरन्तर गति प्रदान कर रही है। माफियाओं पर सख्त कार्यवाही करते हुए उनकी अवैध सम्पत्ति के जब्तीकरण की कार्यवाही की गई है। इससेे प्रदेश में गरीब और व्यापारी अपने आपको सुरक्षित महसूस कर रहे हैं। महिला पुलिस को मिशन शक्ति से जोड़कर सभी थानों व तहसीलों में महिला शिकायत बूथ स्थापित किए गए हैं, जहां महिलाओं की समस्याओं का संवेदना के साथ समाधान महिला पुलिसकर्मी कर रही हैं।लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में तकनीक का व्यापक प्रयोग किया जा रहा है। सरकार ने सत्ता में आने पर राशन कार्डों का सत्यापन कराया। फर्जी राशन कार्डों को निरस्त कराकर वास्तविक पात्र लोगों को राशन कार्ड उपलब्ध कराये गये। 80 हजार राशन दुकानों को पी0ओ0एस0 से जोड़ा गया। आज हर गरीब अपने गांव में अथवा देश के किसी कोने में राशन प्राप्त कर सकता है। तकनीक के प्रयोग से गरीब को राशन मिलने के साथ ही 1200 करोड़ रुपये की सालाना बचत हो रही है। प्रदेश सरकार ने कृषि क्षेत्र में तकनीक का उपयोग करते हुए किसानों के लिए विभिन्न प्रकार की सहूलियतें विकसित की हैं। एम0एस0पी0 के तहत किसानों से उनकी उपज की खरीद में ई-पॉप सिस्टम के उपयोग से भ्रष्टाचार पर रोक लगी है।


पूर्व की सरकारों के मुख्यमंत्रियों में स्वयं के आवास बनाने हेतु होड़ लगती थी, उनमें एक प्रतिस्पर्धा चलती थी। लेकिन सुशासन को समर्पित विगत साढ़े चार वर्षों में हमने अपने आवास नहीं बल्कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों को मिलाकर 42 लाख से अधिक आवास गरीबों के लिए निर्मित करवाए। इसी प्रकार स्वच्छ भारत मिशन के तहत 2.61 करोड़ व्यक्तिगत शौचालयों का निर्माण कराया गया है। उज्ज्वला योजना में 1.56 करोड़ निःशुल्क गैस कनेक्शन दिए गए, वहीं सौभाग्य योजना में 01 करोड़ 38 लाख से अधिक निःशुल्क विद्युत कनेक्शन प्रदान किए गए हैं। आयुष्मान भारत के तहत 06 करोड़ लाभार्थियों को स्वास्थ्य बीमा कवर तथा 03 करोड़ प्रवासी श्रमिकों को 02 लाख रुपये सामाजिक सुरक्षा गारण्टी दी गई है। इसके अलावा, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के प्रारम्भ से अब तक 02 करोड़ 53 लाख 98 हजार किसानों को 37,521 करोड़ रुपए हस्तान्तरित किया गया है। प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के माध्यम से 08 लाख 80 हजार स्ट्रीट वेण्डर्स लाभान्वित हुए हैं।